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Thursday, 24 June 2021

भ्रष्टाचार की भेंट चढा नारायणबगड चोपता मोटरमार्ग


भ्रष्टाचार की भेंट चढा नारायणबगड चोपता मोटरमार्ग  

-नवीन चंदोला/केदारखण्ड एक्सप्रेस 

नारायणबगड एक ओर जहाॅ सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों को सडक सुविधा से जोडे जाने हेतु प्राथमिक रूप से कार्य किये जा रहे है वही विभागीय अधिकारीयों व ठेकेदार की मिलीभगत  से सरकार के इन कार्यो पर पलीता लगाया जा रहा है, जिसका एक उदाहरण विकासखडं नारायण बगड के अन्तर्गत नारायण बगड -चोपता मोटर मार्ग है जहाॅ पर कार्यदायी संस्था पीएमजीएसवाई व ठेकेदार की मिलीभगत से निम्न गुणवत्ता व मानक विहिन कार्याे से सडक मार्ग भ्रष्टाचार की भेट चढ गया ग्रामीणों द्वारा कई बार इसकी शिकायत विभागिय अधिकारीयों व प्रशासन से की गयी लेकिन कोई कार्यवाही नही हो पायी वही इस मोटर मार्ग पर कुछ दिनों पूर्व डाला गया डामर गुरूवार से जारी भारी बारिश के कारण कई जगहों पर उखड गया वही स्कबर व पानी की निकाशी की कोई ब्यवस्था ना होने के कारण तुनेडा गाॅव व चोपता गाॅव की एक दर्जन से अधिक गौशालाओं को छति पहुची है व ग्रामीण रात्री भर जागने को विवश है।

गौरतलब है कि नारायण बगड-परखाल-चोपता मोटर मार्ग का सुधारीकरण व डामरीकरण का कार्य कार्यदायी संस्था पीएमजीएसवाई द्वारा कराया जा रहा है जिसकी कुल लम्बाई 24 किमी है व उक्त मोटर मार्ग को 18 करोड की लागत से कार्य कराया जा रहा है ग्रामीणों के अनुसार जिसे बढा कर 25 करोड़ किया गया लेकिन उक्त मोटर मार्ग पर मानकों के अनुरूप कार्य नही होने पर क्षेत्र के ग्रामीणों में खासा आक्रोश है।

इस सम्बन्ध में प्रधान चोपता एडवोकेट पृथ्वी सिंह व प्रधान प्रतिनिधि तुनेडा मनमोहन सिंह व अनिल उनियाल ने बताया कि नारायण बगड- चोपता मोटर मार्ग में विभाग व ठेकेदार की मिलीभगत से सडक का निर्माण कार्य पूर्व होने से पहले ही दयनीय स्थिति में आ गया है जहाॅ एक ओर मानकानुसार कार्य नही होने से बिछाया गया डामर 15 दिनों बाद उखडने लगा है वही सडक की चैडाई महज 3.5 मी0 ही है वही सडक पर काॅजवे , नालिय,े  वैस्टवाल व पुस्ते सही जगह पर नही बने होने के कारण सडक का सारा पानी गाॅव व गौशालाओं के उपर आ रहा है जिससे खतरा बना हुआ है उनके द्वारा कई बार इस सम्बन्ध में विभागीय अधिकारीयों को अवगत कराया गया लेकिन कोई कार्यवाही नही हो पायी है जिस कारण उन्हें माननिय न्यायालय की शरण में जाने हेतु बाध्य होना पडेगा।

वही सामाजिक कार्यकर्ता स्वरूप सिंह सिनवाल व चोपता  मन्दिर समिति अध्यक्ष अवतार सिंह सिनवाल के अनुसार सडक में घटिया निर्माण सामाग्री का प्रयोग किया गया है वही मिटटी के उपर ही डामरीकरण करने से वह अपने आप उखड रहा है, जबकि चोपता व तुनेडा गाॅव के बीच में डंम्पिक जोन बनाया गया है जिसमें क्रेट वायर न होने के कारण सारा मलबा खेतों में डाला गया है जिससे तुनेडा गाॅव को खतरा उत्पन्न हो गया है वहीं प्रधानमंत्री सड़क योजना के अधिशासी अभियंता फोन पर बताया कि ग्रामीणों की बात सुनकर शिकायतों का निस्तारण किया जाए