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Sunday, 7 March 2021

नगर पालिका रूद्रप्रयाग के बोर्ड बैठक का एजेंडा हुआ पहले ही सोशल मीडिया में लीक

 


नगर पालिका रूद्रप्रयाग के बोर्ड बैठक का एजेंडा हुआ पहले ही सोशल मीडिया में लीक


-भूपेन्द्र भण्डारी/केदारखण्ड एक्सप्रेस

रुद्रप्रयाग। वैसे तो पालिका बोर्ड की अपनी गरिमा और गोपनीयता होती है पालिका अध्यक्ष और सभासद ही बोर्ड के मेंबर होते हैं और इसकी गोपनीयता बोर्ड के अंदर ही रहती है लेकिन रुद्रप्रयाग नगर पालिका मैं कुछ ऐसा प्रतीत होता नजर नहीं आ रहा है। बोर्ड बैठक में जिन विषयों पर चर्चा होनी है वह बैठक से 3 दिन पूर्व ही सार्वजनिक हो गया है हालांकि ऐसा होना नहीं चाहिए था। आगामी  8 मार्च 2021को नगर पालिका परिषद रुद्रप्रयाग की बोर्ड बैठक का एजेंड़ा पहले ही शोशल मीडिया में वायरल हो गया है। इससे व्यापारियों में काफी  उत्साह देखने को मिल रहा है। यह इसलिए कि आलवेदर निर्माण में जिन व्यापारियों के व्यापारिक प्रतिष्ठान ध्वस्त हो गए थे उनके लिये पालिका नए बस अड्डे पर खोखे का निर्माण करने जा रही है। व्यापारियों का कहना है रुद्रप्रयाग  बस अड्डे पर पर्याप्त जगह है जहाँ राष्ट्रीय राजमार्ग से प्रभावित व्यापारियों को पुनर्स्थापित किया जा सकता है। इसके अलावा एजेण्डे में वार्ड नंबर 3 कोटेश्वर में पालिका कॉलोनी में आवासीय कमरों के मरमत पर चर्चा, रुद्रा बैंड पर कर्मचारी आवास  के मरम्मत पर चर्चा, नैनीताल बैंक के निकट चार दुकानों का निर्माण एवं पुस्ता निर्माण पर चर्चा, एनएच चौड़ीकरण के दौरान प्रभावित व्यापारियों हेतु खोके के लिए स्थान चयन पर चर्चा, नए निर्माण कार्यों के टेंडर आमंत्रण  पर चर्चा, नैनीताल बैंक के ऊपर नवनिर्मित दुकान आवंटन करने पर चर्चा, वार्ड नंबर 2 गणेश मंदिर के सौंदर्यीकरण पर चर्चा, पुलिस विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए तथाकथित सभासद के ऑडियो वायरल जांच रिपोर्ट पर चर्चा, नगर क्षेत्र अंतर्गत विज्ञापन होर्डिंग यूनीपोल स्थापित किए जाने हेतु निविदा आमंत्रण पर चर्चा करने जैसे बिंदु शामिल हैं। 



हालांकि बोर्ड बैठक का एजेंडा बैठक से पहले सार्वजनिक नहीं होता है।  नगर पालिका परिषद रुद्रप्रयाग का यह महत्वपूर्ण पत्र बोर्ड बैठक से पहले किसने और क्यों सार्वजनिक किया यह कुछ कहा नहीं जा सकता है लेकिन इस पत्र के वायरल होने से पालिका बोर्ड की गोपनीयता जरुर भंग हुई है। अधिशासी  अधिकारी सीमा रावत का कहना है की बोर्ड बैठक का एजेंडा पहले ही सार्वजनिक नहीं होना चाहिए था यह बिल्कुल गलत है, संभवत यह किसी सभासद द्वारा सार्वजनिक किया गया है।