चमोली में टिड्डों के हमले की आशंका, कृषि विभाग ने दी किसानों को अलर्ट रहने की सलाह


चमोली में टिड्डों के हमले की आशंका, कृषि विभाग ने दी किसानों को अलर्ट रहने की सलाह 

-संदीप बर्त्वाल/केदारखण्ड एक्सप्रेस 
चमोली।  जिले में टिड्डी दल के संभावित प्रकोप की चेतावनी को देखते हुए कृषि विभाग ने जनपद के सभी किसानों को अलर्ट रहने तथा फसलों पर इसके हमले को रोकने हेतु उचित प्रबंधन करने की सलाह दी है। मुख्य कृषि अधिकारी राम कुमार दोहरे ने बताया कि किसी भी क्षेत्र में टिड्डी दल के आगमन होने पर उसकी जानकारी तत्काल संबधित क्षेत्र के न्याय पंचायत प्रभारी (कृषि), सहायक विकास अधिकारी उद्यान, ग्राम विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी, विकास खंड प्रभारी कृषि, उद्यान व रेशम, संबधित खंड विकास अधिकारी एवं कृषि एवं भूमि संरक्षण अधिकारी को दी जाए। टिड्डी दल की पहचान एवं उसके प्रबधंन के संबध में किसी भी जानकारी के लिए कार्यालय के दूरभाष नंबर 01372 253912 तथा मोबाइल नंबर 9412904262 पर भी संपर्क किया जा सकता है।






मुख्य कृषि अधिकारी ने बताया कि अनियमित वर्षा, अधिक तापमान एवं मृदा में नमी की कम मात्रा टिड्डियों के संक्रमण को पर्वतीय क्षेत्रों में बढा सकते है। उन्होंने किसानों को अपने खेतों का नियमित देखभाल करने व समाचारों के माध्यम से टिड्डी दल के बारे में जानकारी रखने की सलाह दी। बताया कि खेतों में टिड्डी के अंड समूहों का पता कर गढढे खोदकर टिड्डियों के अंड समूहों को नष्ट करें। प्रभावित क्षेत्रों में चिडियों के बैठने के लिए स्थान बनाकर चिडियों को आकर्षित करें। टिड्डी दल को भगाने के लिए ड्रम, टिन आदि बजाकर दूर भगाए। जिन क्षेत्रों में फसल न हो वहाॅ रात्रि में विश्राम कर रहे टिड्डी दल को आग की लौ जला कर नष्ट करें। टिड्डी दल के रास्ते में कीटनाशी युक्त गेहूूॅ या चावल का विषाक्त चोकर बनाकर नियंत्रण करें।






टिड्डियों के रासायनिक तौर पर नियंत्रण करने हेतु क्लोरोपायरीफाॅस 20 ई.सी. की 1200 मिली. प्रति हैक्टियर मात्रा को 500 ली. पानी के साथ घोल बनाकर 2.4 मिली प्रति नाली मात्रा एक लीटर पानी में, डेल्टामेथ्रिन 2.8 प्रतिशत ई.सी. की 500 मिली प्रति हैक्टियर मात्रा को 50 प्रतिशत ई.सी. की 1850 मिली. प्रति हैक्टियर मात्रा को 500 लीटर पानी के साथ घोल बनाकर 3.8 मिली. प्रति नाली मात्रा एक लीटर पानी में अथवा मैलाथियान 25 प्रतिशत डब्लू.पी. की 3700 मिली. प्रति है0 मात्रा को 500 ली. पानी के साथ घोल बनाकर 704 ग्राम नाली मात्रा एक लीटर पानी में छिडकाव करें। बताया कि डेल्टामेथिन या डाइक्लोरोवाॅश का पर्णीय छिड़काव भी टिड्डी नियंत्रण के लिए प्रभावकारी है। जैविक कीटनाशी निम्बीसिडीन या नीम के बीज का सत् 3-5 मिली प्रति लीटर की दर से एक नाली क्षेत्र हेतु टिड्डी को दूर भगाने में सहायक है। कीटनाशक के छिडकाव करते हुए किसान अपनी सुरक्षा का भी ध्यान रखे। अपने चेहरे को ढकने हेतु मास्क, एवं हाथों पर गल्ब्ज का प्रयोग अवश्य करें।




चमोली में टिड्डों के हमले की आशंका, कृषि विभाग ने दी किसानों को अलर्ट रहने की सलाह चमोली में टिड्डों के हमले की आशंका, कृषि विभाग ने दी किसानों को अलर्ट रहने की सलाह Reviewed by केदारखण्ड एक्सप्रेस on June 10, 2020 Rating: 5
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