Breaking News

Saturday, 18 April 2020

लॉकडाउन में सरकारी जमीन पर अतिक्रमण का बड़ा खेल, वन विभाग की जमीन पर रातों-रात बनने लगी चार मकाने, हरे पेडो पर भी चला दी आरी


लॉकडाउन में सरकारी जमीन पर अतिक्रमण का बड़ा खेल, वन विभाग की जमीन पर रातों-रात बनने लगी चार मकाने, हरे पेडो पर भी चला दी आरी
-भूपेन्द्र भण्डारी/केदारखंड एक्सप्रेस
रूद्रप्रयाग। जहां एक तरफ पूरा देश  कोरोना महामारी से ग्रस्त है और इसके निजात पाने के लिए घरों में लाकडाउन हो रखे हैं तो वहीं दूरस्थ गाँवों में इसी लाकडाउन का फायदा उठाते हुए सरकारी जमीन पर अतिक्रमण का बडा खेल धडल्ले से चल रहा है। अतिक्रमणकारी इतने बेखौफ़ हैं कि रातों रात वन विभाग की जमीन पर चार जगहों पर मकाने बनाने शुरू कर दी। जबकि दर्जनों रहे पेडो पर आरिया चला दी।

मामला  विकासखंड जखोली के अंतर्गत ग्राम पंचायत गेंठाणा का है जहाँ  ग्रामीणों द्वारा न केवल वन भूमि को बहुत  क्षति पहुंचाई गई है बल्कि वन भूमि पर कब्जा कर वहां पर आवासीय भवन बनाने का कार्य भी किया जा रहा है। केंद्र एवं राज्य सरकार के कोरोना माहामारी के की रोकथाम हेतु लॉक डाउन जैसे विशेष प्रयासों की भी जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही है। स्थानीय लोगों की माने तो  यहां के 30 और 40 परिवारों के द्वारा वन भूमि में कई जीवित वृक्षों को काटकर उन्ही से ही अपने लिए प अलग-अलग स्थानों में सीमांकन कर कई हेक्टेयर वन भूमि को कब्जा कर लिया गया है । हद तो तब हो गई जब बधाणी ताल में  आपदा के दृष्टिगत बनाए गए  महत्वपूर्ण हेलीपैड और उसके आसपास की भी भूमि एक काश्तकार द्वारा कब्जा  कर दी गई। गौरतलब है कि वन विभाग एवं राजस्व विभाग की स्थानीय इकाइयों को स्थानीय जनप्रतिनिधियों द्वारा इसकी सूचना कई बार पहले भी दी जा चुकी है  लेकिन कार्यवाही नहीं की गई। 
आज वन विभाग के उत्तरी रेंज के वन क्षेत्राधिकारी रजनीश लोहानी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे उन्होंने वन विभाग की जमीन पर बने 4 भवनों को ध्वस्त करने की कार्यवाही की जबकि मौके पर करीब 15 हरे पेड़ भी काटे पाएंगे उन्होंने कहा वन अधिकारी के निर्देशानुसार अगले 3 दिन क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की जाएगी वाह दोषियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में केस दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा वन विभाग की टीम जैसे ही मौके पर पहुंची अतिक्रमण कारी गायब हो गए।