पोखरी का युवक देहरादून से गायब हुआ चंड़ी घाट से पुलिस ने लिया हिरासत में, फिर थाने से गायब

पोखरी का युवक देहरादून से गायब हुआ  चंड़ी घाट से पुलिस ने लिया हिरासत में, फिर थाने से गायब 
लापता विपिन चंडी घाट पर

पोखरी। जनपद चमोली के विकासखण्ड पोखरी के मसौली निवासी विपिन सिंह पुत्र मोहन से 5 नवम्बर को देहरादून नथुवाला से अपने समस्त शैक्षणिक प्रमाण पत्रों को लेकर निकला था लेकिन उसके बाद उसके गायब होने की खबरंे रहस्यमय ढंग से सामने आ रही हैं। बीते 10 नवम्बर को हरिद्वार के चंडी घाट पर कुछ स्थानीय लोगों ने इस युवक को नग्न अवस्था में देखा तो इसकी फोटो फेसबुक पर कर दी, तो किसी ने चण्डी घाट पुलिस को भी सूचित किया। हालांकि मौके पर पुलिस पहुँची और पुलिस द्वारा युवक को लाल धोती पहनाकर अपने साथ थाने ले गई। हरिद्वार के सीओ सीटी अभय कुमार ने बताया कि बीते दस तारीख को चण्डी घाटी चैकी को एक सूचना मिली कि किसी बाबा ने एक नाबालिक बच्चे को बंधक बना रखा है, जिसके बाद तुरंत पुलिस मौके पर पहुंची। जहां एक बालिक युवक मिला। पूछताछ की गई तो युवक द्वारा अपना नाम पता नहीं बताया गया। लेकिन उसने बाबा के साथ रहने की जिद्द की, बालिग होने के कारण चैकी इंजार्च ने युवक को बाबा के सपूर्द इस शर्त पर किया कि जब तक इसके परिजनों का पता नहीं लगाया जाता तब तक इसे कुछ नहीं होना चाहिए, इस बात पर बाबा भी तैयार हो गया। सीओ सीटी हरिद्वार ने बताया कि युवक के पास से एटीएम कार्ड बरामद हुआ जिसके आधार पर पुलिस ने युवक का पता खंगालने की कोशिस की। लेकिन इस बीच युवक गायब हो और अब तक पता नहीं चल पाया।  
सोशल मीडिया के साथ साथ अपने-अपने स्तरों से इस युवक की ढूंखोज में लगे विभिन्न सामाजिक संगठनों, राजनीतिक पार्टियों के लोग एवं परिजन रेनु नेगी, नेहा सक्सेना, संजय भट्ट, गिरीश सिंह, बहन पद्मा राणा, सुबोध सिंह बर्तवाल, पुष्कर सिंह बर्तवाल, दीवान सिंह नेगी, दीपेंद्र सिंह नेगी, हरेंद्र सिंह नेगी, विनय रौथाण, मोहम्द कैफ अली, ने व पुलिस से मात्र सब इंस्पेक्टर अमरीश सिंह ने पूरा दिन रात एक कर ढूंढने की कोशिश में पूरा हरिद्वार छाना, शाम को बिपिन के पिता मोहन सिंह बर्तवाल भी रुद्रप्रयाग से हरिद्वार पहुंचे व सबके साथ हरिद्वार के घाटों की ओर दौड़ते रहे। 
जब चंडीघाट के आम लोगों से पूछताछ कर 11 नवम्बर की घटना का पता चला कुछ स्थिति साफ होने लगी, लोगों ने बताया कि बिपिन मानसिक रूप से अस्वस्थ था और उसने यहां स्थानीय लोगों केा परेशान किया तो वहां के लोगों ने उसे खूब मारा, लोगों का कहना था कि बिपिन हटाकट्टा था, अगर उसकी जगह कोई और होता तो वो इतनी मार से मर जाता।

संदिग्ध औगड बाबा, शिव कुमार व गोपाल हरियाणवी के सम्पर्क में आने से हुई विपिन की मानसिक स्थिति खराब

विपिन की तलाश कर रहे लोगों ने जब स्थानीय नागरिकों से बातचीत की तो पता चला कि 7,8 नवम्बर को बिपिन चंडीघाट पहुंचा, उसका व्यवहार अच्छा था। उसने गंगा में फूल खरीद कर चढ़ाए। 10 नवम्बर की रात को चंडीघाट शमसान के एक काले से औघड़ बाबा ने बिपिन को रात को मारा पीटा। वहीं 11 नवम्बर को बिपिन द्वारा शिव कुमार की अस्थाई दुकान का बांस हिलाने पर दुकानदार शिव कुमार व गोपाल हरियाणवी ने बिपिन को डंडों से मार-मार कर अधमरा कर दिया। लोगों ने बताया कि शिव कुमार की अस्थाई दुकान का बांस हिलाने पर शिव कुमार व गोपाल ने जब बिपिन को डंडों से बुरी तरह मारमार कर अधमरा कर दिया। लोगों से पिटने के बाद विपिन पास खड़ी एक बस में चढ़ गया और बस की सवारियों के उतरने के लिए कहने पर वो बस से उतर गया। इस दौरान बिपिन नग्न अवस्था मे था। तब किसी ने उसे एक निक्कर पहनाया। इसके बाद बिपिन वहाँ से भागा तो महेश, गोपाल हरियाणवी, बब्बू पंडित व एक अन्य दो मोटरसाइकिल में उसके पीछे गए।

पुलिस मुन्ना ठाकुर व गोपाल हरियाणवी को ले गई 

जब ये सब घटनाक्रम सब इंस्पेक्टर अमरीश सिंह को बताया जा रहा था तो अमरीश सिंह ने शिव कुमार व गोपाल हरियाणवी को चैकी ले जाया गया व कांस्टेबल दीपक ने मुन्ना ठाकुर को चैकी बुलवा लिया। जैसे ही ये अन्य को पता चला तो वो मौके से फरार हो गए। कांस्टेबल दीपक व होमगार्ड प्रकाश नाथ ने 13 व 14 नवम्बर को परिवार वालों व पुलिस को भी लगातार गुमराह किया। गोपाल हरियाणवी ने बताया कि 11 नवम्बर को समय लगभग 2-2रू30 पर बिपिन को हम लोग चंडीघाट चैकी ले आये थे। जहां से कांस्टेबल दीपक, होमगार्ड प्रकाश नाथ, मैं व 3 अन्य लोग मेक्स गाड़ी में डाल कर हरिद्वार के ठभ्म्स् के सेक्टर 4 के पास जंगल मे छोड़ आये थे। बता दें कि उस जंगल मे 3 बाघ भी लगे हुवे हैं जो आमजन को नुकसान पहुंचा रहे हैं। गोपाल हरियाणवी ने यह भी बताया कि बिपिन ने उन्हें कहा कि मुझे मेरे घर देहरादून छोड़ दो तो मैं तुम्हे 20,000 रु दूंगा। परन्तु इन्होंने बिपिन से 50 हजार देने पर घर छोड़ने की बात कही और ठभ्म्स् के जंगल मे छोड़ आए। 11 नवम्बर को ही ठभ्म्स् के गेट पर तैनात गार्ड ने बिपिन को गंभीर अवस्था मे पड़ा देख 108 एम्बुलेंस को बुलाया। जो उसे पहले ठभ्म्स् अस्पताल ले गई,वहां से बिपिन को ळक् अस्पताल हरिद्वार भेज दिया गय लोगों ने बताया कि जब बिपिन को 11 नवम्बर को मारा पीटा जा रहा था तो लोगों ने 100ध्112 नम्बर पर पुलिस को कॉल की थी। चंडीघाट चैकी पर पुलिस कंटोल रूम से आई कॉल के बाद कांस्टेबल दीपक ने स्थानीय मुन्ना ठाकुर को मामला देख लेने को कह दिया था। पुलिस द्वारा लगातार गुमराह करने व समाजसेवियों द्वारा कड़ियां खोलने पर थानाध्यक्ष दीपक कठैत ने 3 दिन के अंदर बिपिन सिंह बर्तवाल को ढूंढने का भरोसा दिया है। सोशल मीडिया पर अनुपम त्यागी नामक व्यक्ति ने बिपिन को शांतिकुंज हरिद्वार में बताई है। साथ ही मोतीचूर में भी बिपिन को देखा जाना बताया जा रहा है। बिपिन के परिवार वालों के द्वारा देहरादून के रायपुर थाना व हरिद्वार के ज्वालापुरध्कनखल थाना में बिपिन सिंह बर्तवाल की गुमशुदगी की तहरीर व फोटो दी गई थी। परन्तु वहां से भी कोई उचित कार्यवाही नहीं की गई।
उधर सीओसीटी हरिद्वार अभय कुमार से फोन पर हुई बातचीत में उन्होंने बताया कि विपिन्न को ढूँढ खोज में किसी भी तरह की कोताही नहीं बरती जा रही है। युवक की अंतिम लोकेशन रायवाला पाई गई और इसी के आधार पर पुलिस टीम कार्य कर रही है। जगह-जगह युवक की गुमशुदगी के पोस्टर लगये जा चुके हैं। मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से प्रचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जल्दी युवक का पता लगया जायेगा। 

पोखरी का युवक देहरादून से गायब हुआ चंड़ी घाट से पुलिस ने लिया हिरासत में, फिर थाने से गायब पोखरी का युवक देहरादून से गायब हुआ  चंड़ी घाट से पुलिस ने लिया हिरासत में, फिर थाने से गायब Reviewed by केदारखण्ड एक्सप्रेस on November 15, 2019 Rating: 5
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