गजब की हद है सरकार! बिना टावर के कैसे डिजिटल बनेगा इण्डिया

गजब की हद है सरकार! बिना टावर के कैसे डिजिटल बनेगा इण्डिया


-पुष्कर नेगी/केदारखण्ड एक्सप्रेस
चमोली। हमारे देश में भी गजब की सरकारें हैं खास तौर पर उत्तराखण्ड के परिपेक्ष में बात करें तो यहां नेता  चुनावों में आम आदमी को मूलभूत सुविधाओं से उभारने का सपना तो देखाती है। लेकिन चुनाव के बाद इन ग्रामीणों की तरफ पलट कर तक नहीं देखते हैं और सरकार में रहकर इनका तंत्र भी उतना ही नाकारा निकम्मा हो जाता है। ऐसे में पहाड़ के कई गांव 21वीं सदी में भी  मूलभूत सुविधाओं से जूझ रहे है। कर्णप्रयाग विधानसभा के कोटी क्षेत्र के लोगो ने आज सड़क व मोबाइल टावर की मांग को लेकर कर्णप्रयाग तहसील में प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी और प्रदर्शन किया। उपजिलाधिकारी के माध्यम से ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री को मूलभूत सुविधाओं के समधान के लिए ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने कहा कि सूचना क्रांति के इस  दौर में जब क्षेत्र में नेटवर्क ही नही होगा तो कहां से इंडिया डिजिटल होगा , ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों पर भी क्षेत्र की अनदेखी का आरोप लगाया है । उन्होंने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही मांगे नही मानी गयी तो पंचायत चुनावों का बहिष्कार किया जाएगा ।

जनता द्वारा मूलभूत सुविधाओं के लिये सड़को पर उतरना सरकारों व लापरवाह जनप्रतिनिधियों के खिलाप नकारेपन का एक उदाहरण है । ग्रामीणों द्वारा पंचायत चुनावों का बहिष्कार करना लोकतंत्र के लिए बड़े खतरे का संकेत होगा ।
गजब की हद है सरकार! बिना टावर के कैसे डिजिटल बनेगा इण्डिया गजब की हद है सरकार! बिना टावर के कैसे डिजिटल बनेगा इण्डिया Reviewed by केदारखण्ड एक्सप्रेस on September 09, 2019 Rating: 5
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